ब्यूरो प्रतापगढ़। बाघराय थाना क्षेत्र के बारों ग्रामसभा में उस समय सनसनी फैल गई जब देश का राष्ट्रीय पक्षी मोर मृत अवस्था में पाया गया। प्रथम दृष्टया मोर की मौत करंट लगने से होने की आशंका जताई जा रही है, जिसने एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली व्यवस्था की लापरवाही पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
जानकारी के अनुसार, गांव के ही निवासी अनुराग त्रिपाठी ‘गोलू’, जो उत्तर प्रदेश पुलिस में कार्यरत हैं, ने खंभे के पास एक मृत मोर को देखा। इंसानियत और जिम्मेदारी का परिचय देते हुए उन्होंने बिना देर किए बाघराय थाना और वन विभाग को सूचना दी।
हालांकि, सूचना के बाद भी संबंधित विभागों को मौके पर पहुंचने में काफी समय लग गया। घंटों इंतजार के बाद पुलिस और वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मोर के शव को कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई के लिए अपने साथ ले गई।
इस घटना के बाद जहां एक ओर प्रशासनिक लापरवाही पर सवाल उठ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर अनुराग त्रिपाठी ‘गोलू’ की संवेदनशीलता और जागरूकता की ग्रामीणों द्वारा जमकर सराहना की जा रही है। ग्रामीणों का कहना है कि अगर हर व्यक्ति इसी तरह अपने कर्तव्यों और पर्यावरण के प्रति सजग हो जाए, तो ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है।
यह घटना सिर्फ एक पक्षी की मौत नहीं, बल्कि मानवता और जिम्मेदारी की एक मिसाल भी है, जो समाज को जागरूक होने का संदेश देती है।


