ब्यूरो प्रतापगढ़। महाराष्ट्र स्थित नव कुंभ साहित्य संस्था के तत्वावधान में आयोजित “नव कुम्भ नव भारत” कार्यक्रम के अंतर्गत युवा साहित्यकार एवं विश्व रिकॉर्ड धारक अर्पित सर्वेश को उनके विशिष्ट एवं निरंतर साहित्यिक योगदान के लिए सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें ऑनलाइन साक्षात्कार एवं व्याख्यान के दौरान उनकी प्रभावशाली प्रस्तुति, मौलिक चिंतन और प्रेरणादायी वक्तव्य के लिए प्रदान किया गया।
कार्यक्रम का कुशल संचालन साक्षात्कारकर्ता श्री प्रीतम श्रवास्तवी द्वारा किया गया, जिन्होंने संवाद को विचारोत्तेजक और प्रभावपूर्ण बनाए रखा। वहीं संस्था के निर्देशक श्री अनिल राही ने अर्पित सर्वेश की बहुभाषी लेखन प्रतिभा, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रकाशित कृतियों तथा सतत सृजनशीलता की मुक्तकंठ से सराहना की। अपने संबोधन में अर्पित सर्वेश ने साहित्य, समाज और युवा चेतना से जुड़े विषयों पर गहन विचार प्रस्तुत किए, जिन्हें उपस्थित श्रोताओं एवं साहित्यप्रेमियों ने विशेष रुचि और प्रशंसा के साथ सुना। उनकी बहुआयामी साहित्यिक यात्रा और वैश्विक मंचों पर सक्रिय सहभागिता को दृष्टिगत रखते हुए संस्था के संपादक मंडल ने उन्हें सम्मानित कर स्वयं को गौरवान्वित महसूस किया।
नव कुंभ साहित्य संस्था के पदाधिकारियों ने अर्पित सर्वेश के उज्ज्वल साहित्यिक भविष्य की कामना करते हुए कहा कि ऐसे ऊर्जावान और संवेदनशील युवा रचनाकार हिंदी साहित्य को नई दिशा, दृष्टि और समकालीन चेतना प्रदान कर रहे हैं। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नवोदित साहित्यकारों को सशक्त मंच उपलब्ध कराना और साहित्यिक चेतना का व्यापक प्रसार करना रहा।
यह सम्मान अर्पित सर्वेश के लिए न केवल अब तक की उपलब्धियों की स्वीकृति है, बल्कि भविष्य में और अधिक सृजनात्मक, प्रेरणास्पद और समाजोपयोगी साहित्य रचने की एक सशक्त प्रेरणा भी है।


